भगवान जो करते है वो हमारे अच्छे के लिए करते है
उसकी मर्ज़ी से हो फिर उस बात पे कभी शक न हो। हमारे जीवन में जो भी घटित होता हैं, उसका कहीं न कहीं
उसकी मर्ज़ी से हो फिर उस बात पे कभी शक न हो। हमारे जीवन में जो भी घटित होता हैं, उसका कहीं न कहीं
कहाँ तक विश्वास(faith) इस बात को कोई कैसे समझा सकता है..ये शब्दों का विषय नहीं ये इंसान की अनुभूति
पतझड़ के बाद बंसत ऋतु का आगमन होता है बंसत को ऋतुओं का राजा कहा जाता है. स्वयं भगवान कृष्ण ने कहा है
माँ अपनी है एक बार मना कर तो देखो मान जाएँगी और आशीर्वाद देकर अज्ञानता को हमेशा के लिए दूर कर
यू तो बिहारी जी के चमत्कारों को गिन पाना आसान नहीं है फिर भी एक अनुभूति के लिए
बांके